( जो गुरु पर विश्वास करते हैं वही सब सुख प्राप्त करते हैं- सांई मोहित )
बिलासपुर :- सद्गुरु बाबा थांवारदास साहिब जी का 244 वां अवतरण दिवस देश भर में हर्षोउल्लास के साथ मनाया जा रहा है इसी कड़ी में बाबा मेहड़ दरबार तोरवा बिलासपुर में भी बाबा जी का अवतरण दिवस भक्तों के द्वारा 244 दीप प्रज्वलित करके केक काटकर भक्तिमय संगीत रूपी मनाया गया,

कार्यक्रम की शुरुआत रात्रि 8:00 बजे गुरु नानक देव जी व बाबा सतगुरु थांवरदास साहेब, बाबा आत्माराम साहेब, बाबा दयाल साहेब जी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर दीप प्रज्ज्वलित करके की गई इस अवसर पर मेहड़ दरबार शांति नगर कटनी के नारायण साईं जी के बड़े सुपुत्र सांई मोहित एवं छोटे सुपुत्र साईं अंशुल विशेष रूप से बिलासपुर पहुंचे ज्ञान रूपी सत्संग का रसपान कराकर भक्त जनो को निहाल किया अपनी अमृतवाणी में उन्होंने एक सच्ची घटना का वर्णन करते हुए बताया कि किस तरह एक भक्त की भक्ति के आगे गुरु भी झुक जाते हैं भगवान भी झुक जाते हैं , उस भक्त की मनोकामना पूरी हुई और अपनी अंतिम यात्रा पूरी करके प्रभु के श्री चरणों मैं बैकुंठ धाम में पहुंचे इस कथा का सार यह था कि जो व्यक्ति अपने गुरु पर, अपने प्रभु पर सच्चा विश्वास करता है और उनके बताए हुए मार्ग पर चलता है सच्चा सुख उसे ही प्राप्त होता है,

अपने भक्ति भरे भजनों से भक्तों को निहाल किया इस अवसर पर बिलासपुर के अमर भाई साहब ने भी भजन गाया व भाई साहब जगदीश जज्ञासी ने “दुनिया से मैं हारा तो आया तेरे द्वार”….. भक्तिमय भजन गाए जिसे सुनकर भक्तजन भाव विभोर हो गए इस अवसर पर महिला समिति के सदस्यों एवं छोटे बच्चों के द्वारा भक्ति भरे भजन व सिंधी गीतों पर सुंदर नृत्य की प्रस्तुति पेश की, इस अवसर पर मेहड़ दरबार कटनी के प्रमुख दादी साहिबा जी ने लाइव वीडियो कॉलिंग के माध्यम से भक्तों को आशीर्वचन दिये और अपने रूहानी दर्शन दिए ,
कार्यक्रम के आखिर में 244 दीपक प्रजवलित किए गए,

केक काटा गया , पल्लव पाया गया विश्व कल्याण के लिए प्रार्थना की गई आज के इस पूरे आयोजन का सोशल मीडिया के माध्यम से लाइव
प्रसारण किया गया , हजारों की संख्या में घर बैठे भक्तों ने आज के कार्यक्रम का आनंद लिया
व आए हुए सभी भक्तजनों के लिए प्रभु का प्रसाद आम भंडारा का आयोजन किया गया बड़ी संख्या में भक्तों ने भंडारा गृहण किया इस पूरे आयोजन को सफल बनाने में मेहड़ दरबार बिलासपुर के सभी सेवादारियों का विशेष सहयोग रहा इस पूरे कार्यक्रम को कवर करने के लिए हमर संगवारी के संपादक विजय दुसेजा विशेष रूप से
तोरवा पहुंचे और कार्यक्रम को कवर किया
