चक्करभाटा रंहगी,बिलासपुर:- संत लाल दास सांई जी के 25वें गद्दिशीन
के अवसर पर तीन दिवसीय ब्रिज संवाद एवं संत समागम कार्यक्रम का आयोजन धर्म नगरी चकरभाठा से 2 किलोमीटर रंहगी गांव में किया गया
सुबह श्री झूलेलाल मंदिर में संत लाल सांई जी के द्वारा विधि विधान के साथ धवज वंदन किया गया साउथ से आए हुए पंडितों के द्वारा पूजा अर्चना कराई गई हवन कराया गया,

यहां रंहगी गाँव में भव्य पंडाल बनाया गया है 16 से 18 मार्च तक तीन दिवसीय इस आयोजन में वृंदावन ब्रिज की निवासी देवी चित्रलेखा के द्वारा अपनी अमृतवाणी से सत्संग कीर्तन व भक्ति से लोगों को रसपान करा रही हैं ऐसा भक्ति का माहौल बना जैसे धर्म नगरी चक्करभाटा के पास रंहगी गांव में एक छोटा सा वृंदावन बन गया हो जो जहां बैठा है वह वहीं रह गया किसी भी व्यक्ति को उठने की इच्छा नहीं हुई 4 से 7 बजे तक वह एक ही स्थान पर बैठा रहा और भक्ति में डूबा रहा बीच-बीच में देवी चित्रलेखा के द्वारा हास्य की बातें भी की गई और यह भी बताया गया कि बिलासपुर उनके ससुराल पक्ष का शहर है और यहां बैठे सभी भक्तजन मेरे अपने हैं और बड़ी खुशी की बात है कि मुझे यहां पर आप लोगों का दर्शन करने का वह सत्संग कीर्तन करने का अवसर मिला उन्होंने अपने अमृतवाणी में कहा कि लोग आज भी तरसते हैं

वृंदावन आने के लिए और वृंदावन कोई अपनी मर्जी से नहीं आ सकता है जब तक श्याम सुंदर की मर्जी ना हो चाहे वह कितना ही बड़ा धनवान क्यों ना हो बलवान क्यों ना हो जब तक श्याम सुंदर की मर्जी ना हो तब तक वह वृंदावन नहीं आ सकता है और जब उसकी मर्जी हो जाएगी तब उसे कोई रोक भी नहीं सकता है वृंदावन में आकर कहते हैं कि जो कोई अच्छा कार्य करता है तो उसे 10 फायदे होते हैं लाभ होता है पर इसका एक दूसरा पहलू भी है अगर कोई पाप करता है तो उसका उसे उतना ही दंड भी 10 बार भुगतना पड़ता है तो फायदा भी 10 बार होगा तो नुकसान भी 10 बार होगा तो इसलिए वृंदावन में आकर पाप करने की कभी सोचना भी मत क्योंकि वह भक्ति का केंद्र है वहां सिर्फ भक्ति ही चलेगी और कोई धन दौलत नहीं चलेगी सच्चे मन से दिल से श्याम सुंदर के दर्शन कीजिए राधा कृष्ण के दर्शन कीजिए कण-कण में आपको वहां पर राधा कृष्ण के अवशेष मिलेंगे उनकी रास लीला ,नटखट बाल लीला, और कई सारे ऐसे बातें हैं जिनका वर्णन आपके यहां नहीं वहां आने के बाद ही समझ में आएगा आज भी वृंदावन में सच्चे भक्त हैं उनको दर्शन प्रभु के जरूर होते हैं किसी न किसी रूप में प्रभु उन्हें अपने दर्शन देते हैं वह हम जैसे लोगों को समझ में नहीं आएगा जब आप भक्ति के रस में डूब जाओगे तो आपको खुद ही श्याम सुंदर के दर्शन हो जाएंगे,

हमर संगवारी से चर्चा करते हुए उन्होंने बताया कि मात्र 4 साल की उम्र थी घर में भक्ति वाला माहौल था तो वह इस लाइन में जुड़ गई 7 साल की उम्र में भजन कृष्ण कथा करना आरंभ किया अपने गुरु का बड़ों का आशीर्वाद मिला वह भक्ति वाला माहौल था जिसके कारण वह आगे बढ़ती गई लोगों का प्यार आशीर्वाद मिला ओर आज भी मिल रहा है जो दिल में है वही प्रभु की भक्ति में करती हूं और सभी लोगों को भक्ति मार्ग से जोड़ती हूं कई ऐसी बातें भी उन्होंने साजा की अपने जीवन के बारे में अनुभव साझा किया सत्संग में भी कई सारी बचपन की बातें भी उन्होंने साजा की किस तरह बचपन में वृंदावन के गांव में अलग-अलग जगह में घूमती थी स्कूटर में बैठकर भाई के साथ पिताजी के साथ जाती थी उनके गुरु उन्हें मोसी करके बुलाते थे आज भी उन्हें यही नाम देते हैं सत्संग कीर्तन के बीच-बीच में कई भक्ति भरे भजन के माध्यम से लोगों को मंत्रमुंद्ब कर दिया आज के इस कार्यक्रम में कई नेता अभिनेता संत महात्मा भी पहुंचे अलग-अलग शहरों से जिनमें प्रमुख है भारतीय जनता पार्टी बिलासपुर नगर के विधायक अमर अग्रवाल,व
मुंगेली के विधायक पुन्नू लाल मोहले भारतीय जनता पार्टी छत्तीसगढ़ के मीडिया प्रभारी अमीत चिमनानी ने देवी जी का स्वागत सत्कार किया , आए हुए अतिथियों का संत लाल दास जी के द्वारा भी सम्मान किया गया,

कई समाजों के प्रमुख भी पहुंचे वह देवी जी का स्वागत सत्कार किया कार्यक्रम के आखिर में आरती की गई प्रसाद वितरण किया गया आज के इस पूरे कार्यक्रम का सोशल मीडिया के माध्यम से लाइव प्रसारण किया गया हजारों की संख्या में घर बैठे लोगों ने आज के सत्संग का आनंद लिया इस पूरे आयोजन में शामिल होने के लिए बड़ी संख्या में भक्त जन छत्तीसगढ़ मध्य प्रदेश महाराष्ट्र के अलग-अलग शहरों से पहुंचे, आज के कार्यक्रम को सफल बनाने में बाबा गुरमुख दास सेवा समिति
झूलेलाल महिला सखी सेवा ग्रुप सिंधी महिला मंडल चक्करभाटा के सभी सेवादारियों का विशेष सहयोग रहा इस पूरे कार्यक्रम को कवर करने के लिए हमर संगवारी के प्रधान संपादक विजय दुसेजा विशेष तौर पर रंहगी पहुंचे वह आज के कार्यक्रम को कवर किया