रेडियो आकाशवाणी केंद्र बिलासपुर द्वारा संयुक्त रूप से कृषि विज्ञान केंद्र जांजगीर चंपा के साथ कार्यक्रम गरिमा पूर्ण रूप से संपन्न हुआ।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जांजगीर-चांपा के कलेक्टर जनमेजय महोबे थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ.टुटेजा ने की।इस अवसर पर अंचल के 20 सफल कृषकों का सम्मान किया गया। साथ ही कृषि विशेषज्ञों द्वारा कृषि में नवाचार, आधुनिक तकनीक एवं जैविक खेती के महत्व पर विस्तृत चर्चा की गई। कार्यक्रम की संयोजक आकाशवाणी बिलासपुर की कार्यक्रम प्रमुख डॉ. सुप्रिया भारतीयन ने बदलते समय में नई तकनीकों के उपयोग, कृषि में नवाचार तथा जैविक खेती के महत्व और रेडियो की भूमिका पर अपने विचार व्यक्त किए

। मुख्य अतिथि कलेक्टर महोदय ने क्षेत्र के किसानों से सामूहिक खेती को बढ़ावा देने, नवाचार अपनाने तथा शासकीय योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाने का आह्वान किया। उन्होंने उपस्थित किसानों के अनुभवों पर आधारित एक पुस्तिका तैयार करने की पहल की घोषणा भी की, जिससे अन्य किसान भी प्रेरणा एवं मार्गदर्शन प्राप्त कर सकें।कार्यक्रम का संचालन केवीके प्रमुख डॉ. के. डी. महंत द्वारा किया गया। ज्ञात हो स्वतंत्रता प्राप्ति के पश्चात से ही रेडियो ने कृषि के क्षेत्र में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। क्षेत्रीय बोलियों में किसानों तक वैज्ञानिक जानकारी पहुँचाने के उद्देश्य से 15 फरवरी 2004 से ‘किसानवाणी’ कार्यक्रम का शुभारंभ पूरे देश में किया गया था। इसी परिप्रेक्ष्य में प्रतिवर्ष ‘रेडियो किसान दिवस’ मनाया जाता है, जो किसानों और रेडियो के सशक्त संबंध का प्रतीक है।