
** टिकरापारा प्रभु दर्शन भवन में रविवार विशेष सतसंग **बिलासपुर: प्रभु दर्शन भवन में आयोजित ‘रविवार विशेष क्लास’ में मंजू दीदी ने अव्यक्त महावाक्यों के माध्यम से साधकों को जीवन में सफलता का मार्ग दिखाया। इस विशेष सत्र का मुख्य विषय “स्नेह और शक्ति का बैलेंस” रहा, जिसमें दीदी ने बताया कि कैसे ईश्वरीय स्नेह और शक्ति का संतुलन हमें सफलता मूर्त बना सकता है,।*’मेरे’ को ‘तेरे’ में बदलकर बनें ‘बेफिक्र बादशाह’*क्लास के दौरान परमात्म महावाक्यों का सार स्पष्ट करते हुए दीदी ने कहा कि जब हम *’मेरे’ को ‘तेरे’ (ईश्वर) में समर्पित* कर देते हैं, तब हम जीवन के सभी बोझ से मुक्त होकर *’बेफिक्र बादशाह’* बन जाते हैं,। उन्होंने जोर दिया कि वर्तमान समय की महत्ता को समझते हुए हमें अपने *समय और संकल्पों के खजाने* को व्यर्थ होने से बचाना चाहिए। उन्होंने ‘अलबेलेपन’ और ‘आलस्य’ का त्याग कर हर संकल्प में *’बिंदी’ (पूर्ण विराम)* लगाने के अभ्यास पर बल दिया।**मोबाइल के नशे से दूरी और पुरुषार्थ का अनुभव**कार्यक्रम में एक विशेष अनुभव साझा करते हुए कविता बहन ने बताया कि कैसे पिछले 2-3 महीनों से *मोबाइल से दूरी* बनाने के बाद उन्हें आत्मिक शांति और योग में एकाग्रता का गहरा अनुभव हुआ है। दीदी ने भी स्पष्ट किया कि नशा केवल नशीले पदार्थों का ही नहीं, बल्कि मोबाइल जैसे व्यसनों का भी है, जो हमारे पुरुषार्थ में बाधा डालते हैं,। दीदी ने स्लोगन के माध्यम से सभी को संदेश दिया कि *”सर्वशक्तिमान परमात्मा को अपना साथी बना लो, तो पश्चाताप की लहरों से छूट जाएंगे”।
