
भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय, स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के निर्देशानुसार शासकीय प्राथमिक माध्यमिक विद्यालय केकराडीह में इको क्लब फॉर मिशन LiFE के अंतर्गत ई-कचरा प्रबंधन के लिए विशेष अभियान संचालित किया गया। इस अभियान के तहत विद्यालय में विशेष ई-कचरा प्रबंधन दिवस मनाया गया। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों, शिक्षकों, पालकों एवं समुदाय को ई-कचरे के सुरक्षित संग्रहण, पृथक्करण, पुनर्चक्रण तथा वैज्ञानिक निस्तारण के प्रति जागरूक करना है।यह अभियान ‘स्वच्छता ही सेवा’ एवं ‘मिशन LiFE’ के उद्देश्यों के अनुरूप पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छता को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इसके माध्यम से विद्यार्थियों में पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करने के साथ-साथ सुरक्षित अपशिष्ट प्रबंधन की आदतों को प्रोत्साहित किया गया ।अभियान के अंतर्गत विद्यालय में ई-कचरा संग्रहण कॉर्नर स्थापित किए जाएंगे। इन कॉर्नर में विद्यालय एवं घरों से निकलने वाले अनुपयोगी इलेक्ट्रॉनिक और विद्युत उपकरणों को एकत्रित किया जाएगा। इसमें पुराने कंप्यूटर, लैपटॉप, की-बोर्ड, मोबाइल, चार्जर, केबल, सीडी-डीवीडी, पेन ड्राइव, प्रिंटर, कार्ट्रिज, पुरानी बैटरियां एवं बल्ब जैसी सामग्री शामिल होगी।एकत्रित ई-कचरे को सामान्य कचरे से अलग रखा जाएगा तथा निर्धारित नियमों के अनुसार केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) अथवा संबंधित राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (SPCB) के नियमानुसार पंजीकृत एवं अधिकृत रिसाइक्लर या रिफर्बिशर के माध्यम से सुरक्षित निस्तारण सुनिश्चित किया जाएगा।।। संस्कार ईको क्लब के बच्चों ने पोस्टर, नारा लेखन, रैली, चित्रकला, प्रश्नोत्तरी से पालकों और बच्चों को जागरूक किया विद्यार्थियों को ई-कचरे के दुष्प्रभावों और उसके सुरक्षित निस्तारण के महत्व की जानकारी दी गई। इन गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थी रचनात्मक तरीके से पर्यावरण संरक्षण और ई-कचरे के उचित प्रबंधन के बारे में जाने। अभियान में प्रधान पाठक श्री अजय डहरिया, श्री आर एल चंद्रा,श्री मती लालिमा सोनांंत, पी गीतांजलि नायडू, लक्ष्मी नारायण रजक सुनीता श्याम आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, नारायण नायक शिक्षक कौशल चौसल यादव smc अध्यक्ष , पालकगण , शाला प्रबंधन समिति ,स्व सहायता समूह के सदस्य एवं स्थानीय नागरिक की सहभागिता रही। इको क्लब फॉर मिशन LiFE के अंतर्गत संचालित यह अभियान विद्यार्थियों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक और जिम्मेदार बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। इससे विद्यालयों में स्वच्छता की संस्कृति को बढ़ावा मिलेगा तथा ई-कचरे में मौजूद हानिकारक पदार्थों से होने वाले पर्यावरणीय प्रदूषण को रोकने में मदद मिलेगी। साथ ही विद्यालय और समुदाय मिलकर सुरक्षित ई-कचरा प्रबंधन की दिशा में प्रभावी कदम उठा सकेंगे।उक्त जानकारी ईको क्लब प्रभारी श्री एन एस नायक सर ने दी ।
