मध्यप्रदेश :- सिंगरौली। जिला मुख्यालय बैढ़न के ‘सिंगरौली पैलेस हेरिटेज होटल’ में गुरुवार को भारत और फ्रांस की संस्कृति का एक अद्भुत मिलन देखने को मिला। यहां सिंगरौली के रहने वाले संदीप कुमार सिंह और फ्रांस की नागरिक शेरला पुलानीया ने हिंदू धर्म के पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार सात फेरे लिए। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच संपन्न हुआ यह विवाह अब पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।
बेल्जियम में हुई थी मुलाकात:
संदीप कुमार सिंह, जो मूल रूप से बैढ़न निवासी स्वर्गीय रमेश प्रसाद सिंह के पुत्र हैं, वर्तमान में बेल्जियम में आईटी कंसल्टेंसी का व्यवसाय करते हैं। उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा सरस्वती शिशु मंदिर बैढ़न से ली और बाद में इंदौर व पुणे से अपनी उच्च शिक्षा (BCA/MCA) पूरी की। बेल्जियम में व्यवसाय के दौरान ही उनकी मुलाकात फ्रांस की शेरला पुलानीया से हुई। पहले दोनों के बीच दोस्ती हुई, जो धीरे-धीरे प्रेम में बदल गई और अंततः दोनों ने विवाह कर जन्म-जन्मांतर के बंधन में बंधने का फैसला लिया।
भारतीय परंपरा और रीतियों की कायल हुईं शेरला:
फ्रांस से आई दुल्हन शेरला ने भारतीय संस्कृति और यहां के लोगों की जमकर प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि हिंदू विवाह पद्धति काफी लंबी और गहरी है, जिसमें हर रीति-रिवाज का एक खास अर्थ होता है। शेरला ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि भारतीय लोग बहुत अच्छे और मददगार स्वभाव के होते हैं। इस खास शादी का गवाह बनने के लिए शेरला के परिवार और दोस्तों सहित लगभग 25 लोग फ्रांस से सिंगरौली पहुंचे थे।
सीमाओं से परे रिश्तों की मिसाल:
इस अंतर-सांस्कृतिक विवाह को प्रेम की जीत और सीमाओं से परे एक अटूट रिश्ते की मिसाल माना जा रहा है। पारंपरिक हिंदू विधि-विधान से विदेशी बहू का गृह प्रवेश और विवाह संपन्न होना सिंगरौली के स्थानीय लोगों के बीच भी आकर्षण का केंद्र रहा। इस अनोखी प्रेम कहानी और शादी की तस्वीरें अब सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रही हैं।