सच का 🪞आईना
अच्छा चुना लगा रहे हैं करोड़ों का बिलासपुर सिंधी समाज को ?
( दान देने वाले हजारों लोग और श्री झूलेलाल सेवा समिति बिलासपुर के ट्रस्टी मात्र 73 लोग क्यों ?)
पैसे के बल पर पूज्य सिंधी सेंट्रल पंचायत बिलासपुर का श्री झूलेलाल मंगलम बिलासपुर पर कब्जा कर लिया गया क्यों ?
सच का आईना मैं हम आप सभी पाठकों को हर बार कुछ न कुछ नया लेकर आते हैं और सच का आईना में दिखाते हैं ऐसे लोगों का सच दिखाते हैं जो झूठ धोखा फरेब और विश्वास घात कर रहे हैं? आज ऐसा ही एक मुद्दा आया है जिसे हम सच का आईने के माध्यम से आप लोगों तक पहुंचा रहे हैं बिलासपुर शहर का सुंदर भवन श्री झूलेलाल मंगल धाम जिसकी समिति बनी है श्री झूलेलाल सेवा समिति बिलासपुर बहुत खेला हो रहा है यहां पर?
विजय की कलम में हमने लगातार 4 पाठ करके हमने पूरा उसके वर्णन किया था लेकिन कुछ बातें ऐसी थी जो छूट गई थी जिसे हम सच का आईना में बता रहे हैं अभी तो राज बहुत सारे हैं बातें भी बहुत सारी हैं धीरे-धीरे पर्दा हट रहा है हम आपके सामने ला रहे हैं जिस तरह पाकिस्तान pok को आजाद कश्मीर कहता है उसका अलग संविधान बनाया है अलग राष्ट्रपति प्रधानमंत्री मुख्यमंत्री तक बनाए हैं जैसा कि मीडिया में जानकारी आती है पर सबको पता है वहां पर उनका कुछ नहीं चलता है। चलती है पाकिस्तान की सेना की तानाशाह की और जिसका जीता जागता सबूत अभी हाल ही में जो घटनाएं घट रही है आप सभी लोग देख रहे हैं किस तरह निहितों पर पाकिस्तान की सेना गोलियां चला रही है और गरीब कश्मीरियों को मार रही है कहने का तात्पर्य यह है कि दुनिया को दिखाने के लिए यह सब किया गया है इस तरह बिलासपुर में भी एक खेल खेला जा रहा है श्री झूलेलाल मंगल धाम में?जिसकी जमीन पूज्य सिंधी सेंट्रल पंचायत बिलासपुर को मिली थी शासन की तरफ से दान में समाज के लिए सुंदर भवन बनाने के लिए और कुछ चंदा भी मिला था समाज के लोगों से सहयोग लेकर भवन का निर्माण भी हुआ और देश भर में आज भवन की चर्चा भी हो रही है लेकिन अब एक चर्चा और जुड़ी है कि यहां पर बहुत गोलमाल हो रहा है? पैसे करोड़ों की हेराफेरी भी हो रही है?
बोलते कुछ है दिखाते कुछ है करते कुछ है?

जब जमीन मिली पूज्य सिंधी सेंट्रल पंचायत को चंदा मिला सेंट्रल पंचायत को तो अलग से श्री झुलेलाल मंगल धाम का समिति बनाकर पंजीयन करा कर अलग से अध्यक्ष क्यों बनाया गया अलग से टीम क्यों बनाई गई?
ताकि इसलिए की गोलमाल आसानी से किया जा सके? और भविष्य में कभी पूज्य सिंधी सेंट्रल पंचायत के चुनाव में अगर इनकी सत्ता चली जाए तो आसानी से मंगल धाम में पकड़ और सत्ता इनकी बरकरार रहे जो काले पीले कार्य किए हैं? जो गड़बड़ जाल किया है? जो हेरा फेरी की है? वह सबके सामने न आ सके?
इसलिए श्री झुलेलाल मंगल धाम बिलासपुर का अलग से रजिस्ट्रेशन करवाया गया अलग से समिति बनाई गई ?और सबसे बड़ी जो गड़बड़ जाल है सिर्फ 73 लोगों की समिति बनाई गई बाकियों को जिंदा ही मार दिया?
दान देने वाले हजारों लोग और समिति के ट्रस्टी मात्र 73 लोग क्यों ?
73 में भी 99% उनके आदमी?
विरोधी मात्र एक?
बाकी सब जी हजूरी में लगे रहते हैं गांधी जी के तीन बंदरों की तरह बैठे रहते हैं?
आप ऐसे में बताइए लोकतंत्र कहां रह जाएगा सच्चाई ईमानदारी कहां रह जाएगी धर्म न्याय नीति कहां रह जाएगी?
हम बार-बार कहते हैं यह कुर्सी सेवा की है सेवा कीजिए धंधा मत कीजिए धंधा अपनी दुकान पर जाकर कीजिए पर एक बात हमेशा याद रखें कोई बिजनेसमैन और व्यापारी अगर सत्ता पर कुर्सी पर काबिज होगा तो वह वैसे ही काम करेगा ?
जैसे अमेरिका का राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप बड़ा बिजनेसमैन है और राष्ट्रपति बनने के बाद भी वह बिजनेस हीं करते रहता है वैसे यहां पर भी वही हाल है?
पूज्य सिंधी सेंट्रल पंचायत को श्री झुलेलाल सेवा समिति की तरफ से 25% कमाई का हिस्सा दिया जाता है? किस एग्रीमेंट के तहत दिया जा रहा है?
क्या आज तक समाज को बताया है?
जब पूरा मंगल पूज्य सिंधी सेंट्रल पंचायत का है तो 25% कमाई का हिस्सा क्यों?
पूरा 100% क्यों नहीं?
शकुनि ओर तानाशाह ने मिलकर बहुत ही शातिर बुद्धि दौड़कर इसका संविधान बनाया है? और पूरी कहानी लिखी गई? दो नंबरी और 420 करने की?
और आराम से 2013 से 2026 तक कर भी रहे हैं?
पर राज से पर्दा कब उठा जब हमने इसके पीछे जाना शुरू किया सच का पता लगाना शुरू किया हमें बहुत शिकायतें मिल रही थी और जब हम पता करने आगे बड़े तो यह छोटी खोली सामने दिख रही थी पर अंदर में ईरान की तरह बहुत लंबी सुरंग थी और नीचे ही नीचे थी?
पूरी तह तक अभी तक हम लोग नहीं पहुंच पाए हैं पर जहां तक पहुंचे हैं वहां तक एक ही बात समझ में आती है करोड़ों का घपला है?
और 40 चोर मिलकर खा रहे हैं? व बाट रहे हैं?
बाकी लोगों को सत्ता की कुर्सी देकर चुप करा कर बैठे है?
उनको अलग तरीके से लाभ दिया जा रहा है?
आम दानी अठन्नी खर्चा ₹5 दिखाया जा रहा है?
बाकी पूरा माल अंदर समेटे जा रहा है?
कई लोग जो अपने आप को धर्म पुरुष कहते हैं सत्यवादी कहते हैं सच्चे सपूत कहते हैं राजा हरिश्चंद्र की संताने कहते हैं वह चुप क्यों हैं?
धन के लिए कुर्सी के लिए या किसी और चीज के लिए?
काला चिट्ठा परत दर परत खुलेगा सच का आईने में इन सब का चेहरा साफ दिखाई देगा
इंतजार करें शुरुआत हो चुकी है अंत भी होगा और सच भी सामने आएगा, हम फिर से एक बात कहते हैं समय रहते सुधर जाओ गलती को मान लो सच को जान लो और सबके सामने रख दो उसमें ही समाज का भी भला है आपका भी भला है वरना काल कोठरी सबके लिए खुली पड़ी है और जनता की अदालत में जवाब देना होगा सच बताना होगा नहीं तो सच के आईना में आपका चेहरा बहुत जल्द सामने आएगा
सत्यमेव जयते
