
बिलासपुर। तोरवा स्थित पेंडलवार अस्पताल पर कथित चिकित्सकीय लापरवाही के गंभीर आरोपों को लेकर बुधवार को मामला गरमा गया। प्रदेश उपाध्यक्ष लक्की मिश्रा के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) को ज्ञापन सौंपकर पूरे प्रकरण की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराने, दोषी चिकित्सकों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई करने तथा अस्पताल का लाइसेंस निरस्त करने की मांग की।ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि 12 जून को श्रीमती सुरेखा शक्तिलाल सूर्यवंशी का पेंडलवार अस्पताल में ऑपरेशन किया गया था। ऑपरेशन के दौरान कथित रूप से चिकित्सकीय लापरवाही बरतते हुए मरीज के पेट में सर्जिकल धागा छोड़ दिया गया, जिसके बाद उन्हें लगातार उल्टी, तेज बुखार और अन्य गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ा। परिजनों का दावा है कि समय के साथ उनकी हालत बिगड़ती चली गई।परिजनों के अनुसार, तबीयत अधिक खराब होने पर सुरेखा सूर्यवंशी को अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां लेप्रोस्कोपिक जांच के दौरान पेट के भीतर सर्जिकल धागा पाए जाने की जानकारी मिली। ज्ञापन में इस दावे के समर्थन में चिकित्सकीय जांच रिपोर्ट और वीडियो साक्ष्य होने का भी उल्लेख किया गया है।प्रदेश उपाध्यक्ष लक्की मिश्रा ने अस्पताल प्रबंधन के दावों पर सवाल उठाते हुए कहा कि यदि ऑपरेशन में इस्तेमाल किया गया धागा वास्तव में गलने वाला (एब्जॉर्बेबल) था, तो मरीज का दोबारा ऑपरेशन क्यों करना पड़ा। उन्होंने कहा कि यदि पुनः सर्जरी करनी पड़ी है, तो पीड़ित परिवार को हुए शारीरिक, मानसिक और आर्थिक नुकसान की जवाबदेही तय होनी चाहिए। उनका कहना था कि मरीजों की जान से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होना आवश्यक है।ज्ञापन में पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई करने के साथ-साथ भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए पेंडलवार अस्पताल का लाइसेंस निरस्त करने की मांग भी की गई है।मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने मामले को गंभीर बताते हुए अस्पताल प्रबंधन को तत्काल नोटिस जारी करने की जानकारी दी। उन्होंने आश्वासन दिया कि नियमानुसार जांच कर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।नोट: यह समाचार ज्ञापन में लगाए गए आरोपों पर आधारित है। मामले की आधिकारिक जांच अभी जारी है। अस्पताल प्रबंधन की ओर से इस संबंध में आधिकारिक पक्ष प्राप्त होने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।
