
रायपुर/माढ़र। नवरात्रि के पावन अवसर पर मां संतोषी एवं मां वैभव लक्ष्मी धाम, माढ़र में भव्य माता जागरण का आयोजन किया गया। नौ दिनों तक लगातार चले धार्मिक एवं भक्तिमय कार्यक्रमों की श्रृंखला में आयोजित इस विशेष जागरण में भक्ति, आस्था और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला। प्रसिद्ध भजन गायिका स्वाति मिश्रा (मुंबई) और भजन सम्राट संदीप शिवहरे ने अपने सुमधुर भजनों से श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। वहीं, कोटा (राजस्थान) से आए कलाकारों की आकर्षक धार्मिक झांकियां कार्यक्रम का विशेष आकर्षण रहीं।विधि-विधान से पूजा-अर्चना के साथ हुआ शुभारंभजागरण कार्यक्रम की शुरुआत रात्रि 8 बजे माता के दरबार में विधि-विधान से पूजा-अर्चना और अखंड ज्योत प्रज्वलित कर की गई। माता के आगमन पर श्रद्धालुओं ने आतिशबाजी, पुष्पवर्षा और आरती के साथ उनका स्वागत किया। पूरा परिसर माता के जयकारों और भक्तिमय वातावरण से गूंज उठा।स्वाति मिश्रा के भजनों पर झूमे श्रद्धालुप्रसिद्ध भजन गायिका स्वाति मिश्रा ने माता की आराधना के साथ अपनी भजन प्रस्तुति का शुभारंभ किया। उन्होंने हिंदी और छत्तीसगढ़ी के एक से बढ़कर एक भक्ति गीत प्रस्तुत कर उपस्थित श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया। उनके भजनों पर भक्त देर तक झूमते और माता के जयकारे लगाते रहे।स्वाति मिश्रा ने माढ़र की जनता और माढ़र के भक्तों की भक्ति भावना की सराहना करते हुए कहा कि वे देशभर में अनेक कार्यक्रमों में प्रस्तुति देती हैं, लेकिन यहां श्रद्धालुओं की आस्था और समर्पण विशेष रूप से देखने को मिला। माता के दरबार में उनका सम्मान कर आशीर्वाद प्रदान किया गया।संदीप शिवहरे के भजनों से सुबह तक गूंजता रहा माता का दरबाररात्रि 1 बजे से भजन सम्राट संदीप शिवहरे ने अपनी प्रस्तुतियों से कार्यक्रम को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया। उन्होंने छत्तीसगढ़ी सहित विभिन्न भक्ति गीतों और माता के भजनों की मनमोहक प्रस्तुति दी। उनके भजनों ने श्रद्धालुओं को भक्ति रस में सराबोर कर दिया। देर रात से अमृतवेला तक माता के दरबार में भक्तों की उपस्थिति और उत्साह बना रहा।दिव्य झांकियों ने मोहा मन, सजीव हो उठा देवी-देवताओं का दरबारकोटा, राजस्थान से आए कलाकारों ने भगवान श्रीराम, माता सीता, हनुमान जी, राधा-कृष्ण, मां काली तथा भगवान भोलेनाथ और माता पार्वती की आकर्षक झांकियां प्रस्तुत कीं। मनमोहक वेशभूषा, सजीव प्रस्तुतियों और भक्ति गीतों के साथ सजी इन झांकियों ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। ऐसा प्रतीत हो रहा था, मानो समस्त देवी-देवता स्वयं माढ़र की पावन धरा पर अवतरित हो गए हों।पूरी रात धाम में भक्ति और उल्लास का वातावरण बना रहा। कार्यक्रम के समापन पर माता की आरती की गई तथा विश्व कल्याण और सभी के सुख-समृद्धि की कामना की गई। इसके बाद श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया। पूरी रात विशाल भंडारे का आयोजन भी चलता रहा, जिसमें बड़ी संख्या में भक्तों ने प्रसाद ग्रहण किया।संत-महात्माओं, जनप्रतिनिधियों और गणमान्य नागरिकों ने लगाई हाजिरीमाता के इस भव्य जागरण में विभिन्न क्षेत्रों से संत-महात्मा, जनप्रतिनिधि, समाजसेवी और गणमान्य नागरिक शामिल हुए। प्रमुख रूप से रायपुर के संत साईं जल कुमार मसंद जी, बाबा किशाराम दरबार से भाईसाहिब,श्याम सुंदर भाई, लखनऊ के सांई हरिश लाल जी के सुपुत्र साईं आनंद लाल, झूलेलाल मंदिर चकरभाठा के संत साईं लाल दास जी के सुपुत्र वरुण साईंजी ,भरतलाल जयसिंग,रतन जयसिंग,प्रेम बिरनानी,मोहन आहूजा,राजू बिरनानी,रवि आहूजा,जीतू बिरनानी,अमित आहूजा,लोकू भावनानी छत्तीसगढ़ सिंधी पंचायत के प्रदेश अध्यक्ष महेश दरयानी, रायपुर उत्तर के पूर्व विधायक श्रीचंद सुंदरानी, अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष अमरजीत सिंह छाबड़ा, योगेश अग्रवाल,सुनील तिवारी,विक्रम केवलानी,विक्की टेकवानी,जितेंद्र बड़वानी,सुदेश मध्यान,सचिन मेघानी, अजय साहू,डॉ.अनामिका सिंह,मोहन होतवानी,राहुल पृत्वानी , अमन तलरेजा जा, संतु ,राजू कालड़ा,भावना कुकरेजा, प्रकाश कुकरेजा,राधा राजपाल, नरेश कुकरेजा,पहरलाद खेमानी व सेवा पथ की पूरी टीम के साथ ,अमित जीवन,राजकुमार सोनी,चंदू माखीजा,राजेश वाधवानी व एक पहल की पूरी टीम के साथ , दीपक आसवानी, सागर दुलानी पूरी टीम के साथ,राजा बजाज़,श्रीमती ऋषि बलवानी सहित अनेक श्रद्धालुओं ने माता के दरबार में पहुंचकर शीश नवाया।सोशल मीडिया पर हुआ सीधा प्रसारण, घर बैठे हजारों श्रद्धालु जुड़ेआयोजन का सोशल मीडिया के माध्यम से लाइव प्रसारण भी किया गया, जिससे हजारों श्रद्धालुओं ने घर बैठे माता के जागरण का आनंद लिया और माता के दर्शन किए। इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में महिला समिति, युवा समिति तथा रायपुर, बिलासपुर और गोंदिया मंडल के सेवादारों का विशेष योगदान रहा।‘हमर संगवारी’ के संपादक विजय दुसेजा का हुआ सम्मानइस धार्मिक आयोजन को समाचारों के माध्यम से जन-जन तक पहुंचाने के लिए बिलासपुर से ‘हमर संगवारी’ के संपादक विजय दुसेजा विशेष रूप से माढ़र पहुंचे। उन्होंने पूरे कार्यक्रम की कवरेज की। माता के दरबार में उन्हें आशीर्वाद प्रदान कर सम्मानित किया गया। इस अवसर ने आयोजन की धार्मिक महत्ता के साथ-साथ सामाजिक और सांस्कृतिक एकता के संदेश को भी मजबूत किया।मां संतोषी एवं मां वैभव लक्ष्मी धाम में आयोजित यह जागरण श्रद्धालुओं के लिए अविस्मरणीय बन गया। भजनों की मधुर गूंज, देवी-देवताओं की दिव्य झांकियों, संत-महात्माओं के सान्निध्य और सेवा-समर्पण ने नवरात्रि के इस आयोजन को विशेष बना दिया
