श्री झूलेलाल चालिहा महोत्सव मैं संत सांई लाल दास जी का दिव्य सत्संग समारोह का आयोजन किया गया सत्संग की शुरूआत भगवान झूलेलाल जी के फोटो पर पुष्प अर्पण कर दीप प्रज्वलित करके की गई सांई जी ने अपनी अमृतवाणी में सबसे पहले कृष्ण जन्माष्टमी की सभी भक्तों को बधाइयां और शुभकामनाएं दि, ओर फरमाया कि अगर किसी इंसान का किसी दूसरे इंसान से भरोसा टूट जाता है एक बार तो जल्दी से जुड़ नहीं पता है जैसे कांच गिर जाए और टुकड़े-टुकड़े हो जाए तो उसे आप जोड़ेंगे तो जल्दी से नहीं जुड़ेगा और जुड़ भी जाए तो वह जोड़ हमेशा सामने दिखाई देगा मतलब गले तो मिल सकते हो पर दिल नहीं मिलेगा वह विश्वास जो इंसान जो खो देता है उसे दोबारा वापस पाने में बहुत वक्त लगता है इसीलिए कोई भी कार्य करें सोच समझकर करें तनिक फायदे के लिए किसी भी इंसान का या घर परिवार का यां दोस्त यार रिश्तेदारों में किसी का भी विश्वास न टूटे इस बात का ध्यान रखें कोई भी ऐसा कार्य न करें कि आपका विश्वास भरोसा लोगों से या अन्य दोस्तों से उठ जाए पैसा आप एक दफा जाने के बाद दोबारा कमा सकते हो 10 बार कमा सकते हो पर विश्वास ऐसी चीज है जो अगर चली जाए तो जल्दी आने में टाइम लगता है,


अनील पंजवानी के द्वारा भक्ति भरे भजन गाए गए संत सांई लाल दास जी ने भी भगवान श्री कृष्ण और भगवान झूलेलाल जी के भक्ति भरे भजन गाए जिसे सुनकर भक्तजन भाव विभोर हो गए कार्यक्रम के आखिर में आरती की गई , विश्व कल्याण के पल्लव पाया गया प्रसाद वितरण किया गया संस्था के द्वारा जगदीश हद्ववानी व नानक नागदेव के द्वारा संत श्री लाल दास जी का पुष्प 🌸🌺🌻🌹🌷🌼💐 देकर और शाल श्रीफल से स्वागत व सम्मान किया गया सांई जी ने भी संस्था के अध्यक्ष भाई जगदीश का साल ओढ़ाकर सम्मान किया इस अवसर पर हमर संगवारी के प्रधान संपादक विजय दुसेजा का भी संत श्री लाल दास जी एवं झूलेलाल वेलफेयर सोसाइटी के द्वारा सम्मान किया गया

आज के इस पूरे कार्यक्रम को सफल बनाने में समिति के सभी सेवादारियों का विशेष सहयोग रहा