सिंधी समाज के नाम जागरण संदेश
भोपाल :- गंगा धाम संत नगर भोपाल के महंत तुलसीदास उदासी जी के द्वारा सिंधी समाज के नाम एक संदेश देते हुए उन्होंने एक वीडियो जारी किया जिसमें रायपुर के एक सतगुरु महंत के द्वारा समाज को जागृत करते हुए भक्तों को संदेश दे रहे थे उन्होंने बताया कि
समाज में बढ़ती धर्मभीरुता और अंधविश्वास की प्रवृत्ति को लेकर रायपुर के महंत अनंतपुरी गोस्वामी जी ने समाज जनों को जागरूक और सतर्क रहने का संदेश दिया है। उन्होंने कहा कि टोने-टोटके, भय और चमत्कार के नाम पर लोगों को भ्रमित करने वाले तथाकथित गुरु-बाबाओं के चक्कर में पड़ने से समाज की आस्था कमजोर होने के साथ-साथ व्यक्ति का आत्मविश्वास भी प्रभावित होता है।
महंत अनंतपुरी गोस्वामी जी ने स्पष्ट संदेश देते हुए कहा कि “किसी भी टोने-टोटके वाले बाबा के चक्कर में मत पड़िए।” उन्होंने कहा कि सनातन धर्म कर्म को प्रधानता देता है। मनुष्य को अपने कर्मों के अनुसार ही फल प्राप्त होता है। इसलिए जीवन की समस्याओं का समाधान भय और अंधविश्वास में नहीं, बल्कि सद्कर्म, पुरुषार्थ, विवेक और ईश्वर-भक्ति में तलाशना चाहिए।
उन्होंने समाजजनों से अपील की कि ऐसे लोगों से सावधान रहें, जो किसी व्यक्ति की आस्था और भय को अपना साधन बनाकर उसे अपने ऊपर निर्भर बनाने का प्रयास करते हैं। सच्चा धर्म मनुष्य को भयभीत नहीं करता, बल्कि उसे विवेक, साहस, आत्मविश्वास और सत्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है।
उन्होंने कहा कि आज आवश्यकता है कि समाज अंधविश्वास के बजाय ज्ञान और विवेक को अपनाए। युवा पीढ़ी को भी धर्म के वास्तविक स्वरूप से परिचित कराया जाए और शास्त्रों को समझकर जीवन में सदाचार एवं सद्कर्म को स्थान दिया जाए।
आइए, हम सभी मिलकर अपने समाज को अंधविश्वास से नहीं, बल्कि ज्ञान, विवेक और संस्कारों से मजबूत बनाएं। अपने सनातन धर्म से जुड़े रहें, शास्त्रों को समझें, सद्कर्म करें और सच्चे संतों की संगति अपनाएं।
धर्म भय का विषय नहीं है; धर्म सत्य, विवेक और सदाचार का मार्ग है।
