
।।हरेमाधव दयाल की दया ।।
सर्व हित की निष्काम सेवा ही सच्ची सेवा है
सर्वे सन्तु निरामया
माधवनगर कटनी की चिकित्सा की आवश्यकता को देखते हुए सतगुरु बाबा नारायण शाह साहिब जी ने मानव सेवा ही माधव सेवा के मूल मंत्र के साथ 21अप्रेल 1985 में बाबा माधवशाह चिकित्सालय की नींव रख निर्माण कार्य की शुरूआत कराया । जो सतगुरु बाबा गोविन्दशाह जी की देख-रेख मार्गदर्शन में सम्पन्न हुआ। जिसका लोकार्पण 15 फरवरी 1991को हुआ यह उस समय माधवनगर के एक वरदान साबित हुआ न्यूनतम दरों पर बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्धता के साथ चिकित्सक सेवा भाव सेवाएं प्रदान करते जिसका लाभ हजारों जरूरतमंदों को मिलता रहा नित्य विस्तार किया जाता वर्ष में 10-12 नि: शुल्क चिकित्सा शिविर आयोजित कर सेवा भाव से निरोगी बनाने की सेवाएं प्रदान करते नि: शुल्क दवाइयां नि: शुल्क परीक्षण किया जाता जिसमें कटनी, जबलपुर, नागपुर, रायपुर , मुम्बई, दिल्ली, सहित अनेक नगरों के विशेषज्ञ चिकित्सक चिकित्सा सेवाएं प्रदान करते।

न्यूनतम दरों में बेहतर चिकित्सा प्रदान करते हुए निरन्तर बेहतर चिकित्सा सुविधा देने के लिए नित्य नये उपकरणों से सुसज्जित कर आधुनिक तकनीक प्रयास किया जाता।
सतगुरु बाबा ईश्वरशाह साहिब जी प्रेरणा एवं आशीर्वाद से चिकित्सालय को आधुनिक बनाने के साथ स्वच्छ सुन्दर विनम्र शान्त वातावरण में बाबा माधवशाह चिकित्सालय सर्वहितकारी सेवा प्रदान करता है जिसके तहत भारत सरकार की सेवाभावी योजना आयुष्मान कार्ड से नि: शुल्क चिकित्सा सेवा चिकित्सालय प्रदान करता हैं।
आज की आधुनिक सुविधाओं को बेहतर ढंग से प्रबंधित करने के प्रयास निरन्तर जारी है। सतगुरु बाबा ईश्वरशाह साहिब जी की प्रेरणा से वर्तमान समय की आवश्यकता के अनुसार चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार करते हुए आधुनिक तकनीक का उपयोग करके नित्य नए उपकरण उपलब्ध कराएं जा रहे हैं ।
चिकित्सालय को नया आधुनिक स्वरूप प्रदान करते हुए चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है पुनर्निर्माण के प्रथम चरण शुभारम्भ 28 जून को सतगुरु सांई ईश्वरशाह साहिब जी के कर-कमलों से हुआ ।
पुनर्निर्माण के प्रथम चरण के शुभारम्भ में कटनी माधवनगर के अनेक समाजसेवी एवं अनेक नगरों के सतगुरु सेवकों की उपस्थिति में कार्यक्रम सम्पन्न हुआ इस अवसर पर सतगुरु बाबा ईश्वरशाह साहिब जी ने चिकित्सालय के नवीन स्वरूप का अवलोकन कर प्रबंधन को मार्गदर्शन प्रदान करते हुए ” सर्वे भवन्तु सुखिन: सर्वे सन्तु निरामया ” के उद्देश्य से सेवाऐं प्रदान करने की प्रेरणा देते हुए समझाया कि सर्वहित की निष्काम सेवा ही सच्ची सेवा है आपजी ने सतगुरु उपकारों परमार्थी सेवाओं को याद करते हुए कहा सतगुरु बाबा नारायणशाह सेवा की प्रतिमूर्ति थे आपके अनन्त उपकार जन मानस में रहें उनकी उपकारी लीलाओं का ऋण नहीं चुका सकते हैं उनके आदर्शों पर चलकर हम मानव सेवा, करुणा, जनकल्याण की दिव्य परम्परा के पथ पर अग्रसर होकर सही मायने में नमन वंदन कर सकते हैं
28 जून 2026 को बाबा माधवशाह चिकित्सालय नवनिर्माण फेस–1 का भव्य शुभारम्भ हुआ। जीवनमुक्त सतगुरु बाबा नारायणशाह साहिब जी द्वारा जनकल्याण के पावन संकल्प से स्थापित यह चिकित्सालय आज परम देव जीवनमुक्त सतगुरु बाबा ईश्वरशाह साहिब जी की असीम कृपादृष्टि से एक नवीन एवं आधुनिक स्वरूप में मानव सेवा के लिए समर्पित हुआ। यह केवल भवन का नवीनीकरण नहीं, बल्कि प्रभु सतगुरु जी की उसी सनातन सेवा-परंपरा का विस्तार है, जो वर्षों से निरन्तर जनकल्याण के लिए प्रवाहित हो रही है। आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित यह चिकित्सालय अब और अधिक व्यापक स्तर पर उत्कृष्ट चिकित्सा सेवाएँ प्रदान कर मानवता की सेवा का दिव्य माध्यम बनेगा। जिस चिकित्सा सर्जरी के लिए दूर दराज सैकड़ों किलोमीटर दूर जाना पड़ता था, सतगुरु कृपा से वह समस्त चिकित्सा सुविधाएं बाबा माधवशाह चिकित्सालय में ही प्राप्त हो पाएंगी।
आधुनिक उत्कृष्ट ऑपरेशन थिएटर, उन्नत चिकित्सा उपकरण, विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएँ और रोगी-केंद्रित व्यवस्थाओं से सुसज्जित यह चिकित्सालय अब केवल एक स्वास्थ्य केंद्र नहीं, बल्कि सेवा, संवेदना और समर्पण का जीवन्त प्रतीक बनकर उभरा है यहाँ आने वाला प्रत्येक मरीज केवल उपचार ही नहीं, बल्कि अपनापन, सम्मान और विश्वास का अनुभव करेगा
यह भव्य शुभारम्भ इस बात का जीवन्त प्रमाण है कि जब सेवा के साथ आध्यात्मिक संकल्प जुड़ जाता है मानवता वरदान बन जाती हैं , बाबा माधवशाह चिकित्सालय का यह नवीन स्वरूप आने वाले वर्षों में लाखों लोगों के जीवन में स्वास्थ्य, आशा और मुस्कान का नया अध्याय लिखेगा
“जहाँ सेवा ही साधना हो और मानवता ही धर्म, वहाँ चिकित्सालय नहीं, ईश्वर की करुणा का द्वार खुलता है बाबा माधवशाह चिकित्सालय उसी दिव्य सेवा-परम्परा का सजीव स्वरूप है।”
